Published on Jul 22, 2026
पटना: बिहार में जमीन खरीदने या विरासत में मिली संपत्ति का दाखिल-खारिज (Mutation) कराने वाले लोगों के लिए महत्वपूर्ण अपडेट सामने आया है। राज्य विधानसभा ने बिहार भूमि दाखिल-खारिज (संशोधन) विधेयक, 2026 को मंजूरी दे दी है। इस संशोधन के लागू होने के बाद दाखिल-खारिज की प्रक्रिया के लिए ₹200 का निर्धारित शुल्क देना होगा।
हालांकि यह नया प्रावधान तुरंत लागू नहीं होगा। विधेयक पर राज्यपाल की मंजूरी मिलने के बाद इसकी अधिसूचना जारी की जाएगी, जिसके बाद पूरे बिहार में नया नियम प्रभावी हो जाएगा।
सरकार का कहना है कि भूमि प्रशासन को अधिक व्यवस्थित बनाने और राज्य के विकास कार्यों के लिए अतिरिक्त राजस्व जुटाने के उद्देश्य से यह संशोधन किया गया है।
विधानसभा में विधेयक प्रस्तुत करते हुए राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग की ओर से बताया गया कि राज्य में लगातार विकास परियोजनाओं का विस्तार हो रहा है। ऐसे में प्रशासनिक सेवाओं को बेहतर बनाने और राजस्व संसाधनों को मजबूत करने की आवश्यकता महसूस की गई, जिसके तहत दाखिल-खारिज प्रक्रिया में निर्धारित शुल्क का प्रावधान किया गया है।
संशोधन विधेयक के अनुसार, जमीन के दाखिल-खारिज (Mutation) के लिए ₹200 का शुल्क निर्धारित किया गया है।
यह शुल्क राज्यपाल की स्वीकृति और नियम लागू होने के बाद प्रभावी होगा। इसके बाद बिहार में नए दाखिल-खारिज आवेदनों पर निर्धारित शुल्क लागू रहेगा।
विधानसभा में इस विधेयक पर चर्चा के दौरान विपक्षी दलों ने शुल्क बढ़ाने का विरोध किया। उनका कहना था कि इससे आम नागरिकों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ बढ़ेगा, विशेष रूप से उन लोगों पर जो पहले से आर्थिक चुनौतियों का सामना कर रहे हैं।
इस पर सरकार की ओर से जवाब दिया गया कि यह शुल्क विकास कार्यों और प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करने के उद्देश्य से प्रस्तावित किया गया है तथा इसका प्रभाव गरीब परिवारों पर सीमित रहेगा।
विधानसभा की कार्यवाही के दौरान सरकार ने एक अन्य महत्वपूर्ण घोषणा भी की। जानकारी के अनुसार, 15 अगस्त को राज्य के 30,000 भूमिहीन परिवारों को बासगीत पर्चा प्रदान करने की योजना है।
सरकार का उद्देश्य ऐसे परिवारों को भूमि अधिकार उपलब्ध कराना है, जिनके पास स्वयं की आवासीय भूमि नहीं है।
दूसरे सत्र की कार्यवाही के दौरान विधानसभा से कई अन्य संशोधन विधेयक भी पारित किए गए। इनमें भूमि, कर, चिकित्सा, नर्स पंजीकरण, कृषि भूमि एवं अन्य प्रशासनिक विषयों से जुड़े विधेयक शामिल हैं।
अब इन सभी विधेयकों को अंतिम स्वीकृति के लिए राज्यपाल के पास भेजा जाएगा। मंजूरी मिलने के बाद संबंधित विभाग इनके लागू होने की अधिसूचना जारी करेंगे।
यदि आप आने वाले समय में बिहार में किसी जमीन का Mutation (दाखिल-खारिज) कराने की योजना बना रहे हैं, तो नए नियम लागू होने के बाद निर्धारित शुल्क के अनुसार आवेदन करना होगा।
साथ ही, आवेदन करने से पहले संबंधित अंचल कार्यालय या बिहार भूमि पोर्टल पर जारी नवीनतम दिशा-निर्देशों की जानकारी अवश्य प्राप्त करें।
फिलहाल विधानसभा से संशोधन विधेयक पारित हुआ है। यह नियम राज्यपाल की मंजूरी और राजपत्र (Gazette) अधिसूचना जारी होने के बाद प्रभावी होगा। जब तक अधिसूचना जारी नहीं होती, तब तक वर्तमान व्यवस्था लागू रहेगी।
यदि आप बिहार में जमीन से जुड़े किसी भी कार्य जैसे—
की जानकारी चाहते हैं, तो संबंधित प्रक्रिया शुरू करने से पहले नवीनतम सरकारी नियमों की जांच करना उचित रहेगा।
यह समाचार विधानसभा से पारित बिहार भूमि दाखिल-खारिज (संशोधन) विधेयक, 2026 पर आधारित है। ₹200 शुल्क का नया प्रावधान राज्यपाल की मंजूरी और आधिकारिक अधिसूचना जारी होने के बाद ही प्रभावी होगा। इससे पहले पुराने नियम लागू रहेंगे।